कोई आखिर इतना खा कैसे सकता है?
-
जब कभी घर पर पकोड़ी वाली कढ़ी बनती है तो पकोड़ी तल कर निकलते ही दो चार पकोड़ी
यूँ ही खा जाना आम सी बात है। इसका कोई बुरा भी नहीं मानता बल्कि ऐसा ही होता ...
Saturday, January 24, 2009
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
Write in to your own language
1

1 टिप्पणियाँ:
मनन करेंगे तो ही समझ पायेंगे. :)
Post a Comment